क्या बताऊँ मेरा हाल कैसा है
एक दिन गुज़रता है एक साल जैसा है
तड़पता हूँ इस कदर बेवफाई में उसकी
ये तन बनता जा रहा कंकाल जैसा है....
You May Also Like






क्या बताऊँ मेरा हाल कैसा है
एक दिन गुज़रता है एक साल जैसा है
तड़पता हूँ इस कदर बेवफाई में उसकी
ये तन बनता जा रहा कंकाल जैसा है....